Hindi Urdu Poetry Stories #indianpoetry #poetry

इनसांन और उसकी तकलीफ़ के अस्बाब समझों

किस्से अपना दर्द कहूँ सब चेहरे अनजाने है कौन सुनेगा अपना दुख सबके यही फ़साने है, सोने-चांदी की क़ीमत तो इनसांनों से …