मुख्यपृष्ठ Hindi Urdu Poetry Stories [ग़ुरुर अना ऐक काग़ज़ की नाव की तरह है] [ग़ुरुर अना ऐक काग़ज़ की नाव की तरह है] By -Hindi Urdu Poetry Stories फ़रवरी 28, 2019 0 जो दरिया चलती है अपने ग़ुरुरो अना के जोश़े जवानी में वो खो देती है अपना नामों निश़ा मिलकर समंदर के पानी में आरिफ़ मोहम्मद इब्राहिम,इलाहाबादी Tags: #indianpoetry#poetryHindi Urdu Poetry Stories Facebook Twitter Whatsapp और नया पुराने
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